दैनिक समाचाऱ प्रसारण– 12 मार्च, 2026
अफ्रीका के लिए ब्रिटेन की मंत्री जेनी चैपमैन ने कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य [DRC] में शांति और विकास के प्रति ब्रिटेन की प्रतिबद्धता दोहराई, उन्होंने मानवीय सहायता और यौन हिंसा से बचे लोगों के सहायतार्थ 1.3 करोड़ पाउंड से अधिक देने का वचन दिया, साथ ही स्वच्छ ऊर्जा, व्यावसायिक वित्त और दीर्घकालिक आर्थिक वृद्धि में ब्रिटेन समर्थित नए निवेश शुरू किए (Gov.uk)
ताइवान (फॉर्मोसा) ने स्पेस साउथ सेंट्रल क्लस्टर [यूके] के साथ समझौता कर ब्रिटेन के साथ अंतरिक्ष सहयोग को और गहरा किया है। इसका उद्देश्य उपग्रह निर्माण, आपूर्ति-श्रृंखला संबंधों और प्रतिभा आदान-प्रदान को मजबूत करना है, जो ताइवानी एजेंसियों और ब्रिटिश उपग्रह डेवलपर्स के बीच लंबे समय से चली आ रही साझेदारियों पर आधारित है (Taiwan News)
रूस और यूक्रेन (यूरेन) ने अमेरिका और यूएई[संयुक्त अरब अमीरात] की मध्यस्थता में दो दिनों में 1,000 युद्धबंदियों की अदला-बदली की, जारी शांति वार्ताओं और मानवीय बातचीत के तहत दोनों पक्षों ने500-500 बंदियों को रिहा किया (VTV)
ईरान के साथ बढ़ते तनाव के बीच प्रमुख पादरियों का एक समूह व्हाइट हाउस [वॉशिंगटन डीसी, अमेरिका] के ओवल ऑफिस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और अमेरिकी सैनिकों के लिए प्रार्थना करने जुटा (Tuổi Trẻ)
AirSnitch नामक नई खोजी गई तकनीक हमलावरों को उसी वाई-फाई नेटवर्क को निशाना बनाकर उपयोगकर्ताओं का डेटा पकड़ने की अवसर देती है, जिससे साँझा और सार्वजनिक वायरलेस नेटवर्क की सुरक्षा को लेकर नई चिंताएं बढ़ गई हैं (Tuổi Trẻ)
संयुक्त राष्ट्र बाल कोष [यूनिसेफ] ने किर्गिज़स्तान की नई सार्वभौमिक “बाला यरिसी” (किर्गिज़ में “बच्चे का आशीर्वाद”) बाल-भत्ता योजना का स्वागत किया है, जो तीन वर्ष से कम आयु के सभी बच्चों के लिए है, यूनिसेफ का कहना है कि यह नीति प्रारंभिक बाल्यावस्था सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करती है और बाल गरीबी घटाने तथा आवश्यक सेवाओं के विस्तार के राष्ट्रीय लक्ष्यों टेवा देती है (24.kg)
क्वींसलैंड यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी [ऑस्ट्रेलिया] के शोधकर्ताओं ने कम लागत वाली लार जांच विकसित की है, जो एक घंटे के भीतर कैंसर-संबंधी प्रोटीन संकेतक S100P का पता लगा सकती है, यह मुख, कोलोरेक्टल, प्रोस्टेट और अग्न्याशय कैंसर सहित कई सामान्य कैंसरों की पोर्टेबल और त्वरित स्क्रीनिंग का साधन प्रदान करती है (Báo Tin tức)
अमेरिका के पश्चिमी तट पर ह्यूमन मेटान्यूमोवायरस (HMPV) के मामले तेज़ी से बढ़ रहे हैं, और उत्तरी कैलिफ़ोर्निया में अपशिष्ट जल में इसकी मात्रा बहुत अधिक पाई गई है। यह संक्रामक वायरस फ्लू जैसे लक्षण पैदा करता है और संवेदनशील समूहों के लिए गंभीर जोखिम बनता है। अधिकारी इसके प्रसार को रोकने के लिए स्वच्छता और मास्क पहनने की अपील कर रहे हैं (New York Post)
पेन स्टेट हेल्थ [अमेरिका] के डॉक्टर न्यूरोलॉजिकल गति विकार ‘एसेंशियल ट्रेमर’ के इलाज के लिए दवाओं और डीप ब्रेन स्टिमुलेशन सहित उन्नत उपचारों का उपयोग कर रहे हैं। दवा-प्रतिरोधी मामलों में, बिना चीरा लगाए केंद्रित अल्ट्रासाउंड मस्तिष्क के लक्षित भागों पर काम कर लक्षणों को काफी घटाता है और दैनिक कार्यक्षमता में सुधार लाता है (Medical Xpress)
इटली के स्वास्थ्य विशेषज्ञ भूमध्यसागरीय आहार की पाँच प्रमुख चीज़ों पर ज़ोर दे रहे हैं, जो हृदय-स्वास्थ्य को उल्लेखनीय रूप से बेहतर बनाती हैं: 1. दालें और फलियां रेशा देती हैं और उच्च रक्तचाप के जोखिम को घटा सकती हैं। 2. पत्तेदार सब्ज़ियां रक्त वाहिकाओं के कार्य में सुधार करती हैं। 3. एक्स्ट्रा वर्जिन ऑलिव ऑयल हृदय-संबंधी घटनाओं के खतरे को कम करता है। 4. लहसुन कोलेस्ट्रॉल का स्तर घटा सकता है। 5. टमाटर उच्च रक्तचाप और स्ट्रोक के जोखिम को कम करने में मदद करते हैं। ये पोषक तत्वों से भरपूर खाद्य पदार्थ मिलकर उच्च रक्तचाप और हृदय रोग के खिलाफ़ एक सशक्त, प्राकृतिक सुरक्षा प्रदान करते हैं (La Milano)
ऑस्ट्रेलिया के नॉर्दर्न टेरिटरी में भीषण बाढ़ के कारण 1,000 से अधिक निवासियों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाना पड़ा। अधिकारियों ने लोगों को बाढ़ के पानी से दूर रहने की चेतावनी दी है, क्योंकि तेज़ धारा और बहकर आए मगरमच्छ पूरे क्षेत्र में जानलेवा स्थिति पैदा कर रहे हैं (Thanh Niên)
एक नए अध्ययन से पता चला है कि तटीय समुद्र-स्तर पहले के अनुमान से लगभग 30 सेंटीमीटर अधिक है। इस गलत आकलन से करोड़ों और लोग विनाशकारी बाढ़ के खतरे में आ गए हैं, जिससे तटीय योजना पर तुरंत ध्यान देना आवश्यक हो गया है (USA Today)
गर्मी की लहरों और उनके बाद आने वाले आकस्मिक सूखे जैसे खतरनाक जलवायु घटनाक्रम अब 1980 के दशक की तुलना में कहीं अधिक बार हो रहे हैं। वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि ये तेज़ चरम स्थितियां विश्वभर में जंगलों की आग, पानी की कमी और विनाशकारी फसल विफलताओं के जोखिम को बढ़ा रही हैं (AP News)
मैड्रिड-बराखास हवाई अड्डे [स्पेन] पर स्पेनिश सिविल गार्ड अधिकारियों ने अदीस अबाबा [इथियोपिया] से आए एक सूटकेस में छिपाए गए 15 मृत पैंगोलिन-जन बरामद किए, इसके बाद कथित वन्यजीव तस्करी की जांच शुरू की गई है और इस अत्यधिक संरक्षित प्रजाति के वैश्विक अवैध व्यापार को लेकर चेतावनी और मजबूत हुई है (Noticias Ambientales)
अमेरिका की गैर-लाभकारी संस्था अलायंस फॉर केप फियर ट्रीज़ ने ड्यूक एनर्जी फाउंडेशन [अमेरिका] के साथ मिलकर एक हज़ार से अधिक स्थानीय प्रजाति के पेड़ निःशुल्क देने की पहल की है, इसका उद्देश्य न्यू हैनोवर काउंटी [नॉर्थ कैरोलाइना, अमेरिका] में घटती वृक्ष-आवरण की बहाली करना और पुनःरोपण के पर्यावरणीय तथा जन-स्वास्थ्य महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाना है (WWAYTV3)
ब्राज़ील की पर्यावरण मंत्री मरीना सिल्वा ने कहा है कि अमेज़न में वनों की कटाई 1988 में रिकॉर्ड शुरू होने के बाद अपने सबसे निचले स्तर तक पहुँचने की दिशा में है, लगभग वास्तविक समय के उपग्रह आंकड़े दिखाते हैं कि कड़े प्रवर्तन और स्थानीय निकायों के सहयोग की वजह से 2026 की शुरुआत तक भी वन कटाई में गिरावट जारी रही (Good Men Project)
विल्टशायर [यूके] का एक लैंडफिल सड़ते कचरे से निकलने वाली मीथेन को पकड़कर उससे गरम और यूवी-रोशनी वाले हाइड्रोपोनिक गुंबद को ऊर्जा दे रहा है, जहाँ पूरे साल फल और सब्ज़ियां उगाई जाती हैं - संचालक इसे लैंडफिल-ऊर्जा आधारित खाद्य उत्पादन में “दुनिया का पहला” प्रोटोटाइप बता रहे हैं (Good News Network)
एशिया की कोन्याक जड़ एक बहुउपयोगी वीगन मांस विकल्प के रूप में दुनिया भर में लोकप्रिय हो रही है। घुलनशील रेशे से भरपूर यह आंतों के स्वास्थ्य और रक्त शर्करा नियंत्रण में सहायक है। इसकी अनोखी बनावट समुद्री भोजन और पशु-जन मांस जैसी महसूस होती है, जिससे अनेक वीगन व्यंजन और बेहतर बनते हैं (VegNews)
यूनिवर्सिटी ऑफ आर्कान्सस के आर्कान्सस एग्रीकल्चरल एक्सपेरिमेंट स्टेशन के अमेरिकी वैज्ञानिक चावल मिलिंग के उप-उत्पादों से उच्च-प्रोटीन, डेयरी-मुक्त चीज़ विकसित कर रहे हैं। यह कम-एलर्जीकारी फ़ॉर्मूला 12% प्रोटीन युक्त है और एलर्जी-संवेदनशील उपभोक्ताओं के लिए पौष्टिक विकल्प प्रदान करता है (Deccan Herald)
भारत में लैक्टोज़ असहिष्णु उपभोक्ताओं के कारण वीगन दूध की लोकप्रियता तेज़ी से बढ़ रही है। स्वास्थ्य और पर्यावरण के प्रति बढ़ती जागरूकता के चलते डेयरी हट रहे हैं, और कैफ़े में बादाम, सोया और ओट के विकल्प बढ़ रहे हैं (Deccan Herald)
2019 में शोधकर्ताओं ने सूखे से निपटने के लिए यूटा [अमेरिका] की उन संवेदनशील नदियों में बीवरों को फिर बसाया, जो कोलोराडो नदी बेसिन का हिस्सा हैं। सात वर्ष बाद, उनके बांध महत्वपूर्ण आर्द्रभूमियां बना रहे हैं, जिससे जलस्तर और जैव विविधता बढ़ रही है। यह पारिस्थितिक पुनर्जीवन कोलोराडो नदी बेसिन को बहाल कर रहा है साथ ही स्थानीय पर्यटन और वन्यजीवों के संरक्षण को भी बढ़ावा दे रहा है (Upworthy)
ओरेगन [अमेरिका] में फ्रेड नाम की एक साहसी बिल्ली-जन ने घातक घर मे लगे आग के दौरान अपने देखभालकर्ता डोनाल्ड वैनवॉर्मर को जगा कर उनकी जान बचाई। हालाँकि श्री वैनवॉर्मर भागते समय फ्रेड को अपनी बाँहों में उठाए हुए थे, लेकिन जब वे बाहर निकले तो फ्रेड वहाँ नहीं था। वे मामूली जलन के साथ बच निकलते हैं, पर दुर्भाग्यवश फ्रेड आग की लपटों में अपनी जान गंवा देता है (New York Post)
आज का प्रेरक उद्धरण: “ईश्वर की दया हर सुबह ताज़ा और नई होती है।” – जॉयस मेयर, अमेरिकी लेखिका, वक्ता और जॉयस मेयर मिनिस्ट्रीज़ की अध्यक्ष (BrainyQuote)
इससे पहले, क्रिस कीटो के मृत्यु-समीप अनुभव के भाग 1 में, अमेरिकी रियल एस्टेट पेशेवर क्रिस कीटो ने बताया था कि जन्मदिन के केक के एक टुकड़े में छिपी मूंगफली की सामग्री से उन्हें अचानक और गंभीर एलर्जी प्रतिक्रिया हुई। जब उन्हें एहसास हुआ कि उनकी हालत तेज़ी से बिगड़ रही है, तो क्रिस खुद गाड़ी चलाकर पास के अस्पताल पहुँचे, जहाँ साँस रुकने और पूरे शरीर में तीव्र ऐनाफिलैक्सिस होने पर डॉक्टर उन्हें तुरंत आपात कक्ष में ले गए।
चिकित्साकर्मी उनकी जान बचाने की कोशिश कर रहे थे, तभी क्रिस के अनुसार डॉक्टर ने अंततः कहा कि एपिनेफ्रिन काम नहीं कर रही और वे प्रतिक्रिया को रोक नहीं पा रहे हैं। क्रिस कहते हैं कि जब उनके शरीर तक लगभग ऑक्सीजन पहुँचनी बंद हो गई, तो उन्हें लगा कि उनका दम घुट रहा है, फिर वे शांत हो गए और यह स्वीकार कर लिया कि वे मर रहे हैं। उसी क्षण, क्रिस के अनुसार, जब उनकी चेतना शरीर से अलग हुई तो उन्हें अपार शांति और आनंद का अनुभव हुआ।
और मुझे याद है कि मेरे दोनों दादाजी, जिनका निधन हो चुका था— एक कई साल पहले और दूसरे तब, जब मैं बहुत, बहुत छोटा था, लगभग 3 या 4 साल का— उस स्थिति में मेरे पास आए। उन्होंने ज़्यादा कुछ नहीं कहा। उन्होंने बस बहुत स्पष्ट, बिल्कुल साफ़, भावपूर्ण और सीधे कहा, “तुम नहीं आ सकते। तु्म्हारा समय अभी नहीं आया है। तुम्हारा काम शेष है। तुमको वापस जाना होगा।” और मैंने इसका विरोध नहीं किया। मैंने दूसरे मृत्यु-समीप अनुभवों की कहानियाँ सुनी हैं, जहाँ लोग कहते हैं, “नहीं, मैं जाना चाहता हूँ।” लेकिन मैं बस जैसे यह महसूस कर रहा था कि अब मैं मरना नहीं चाहता, बस। मैं नहीं चाहता था। ऐसा नहीं कि मैं कभी मरना चाहता था, बस मुझे लग रहा था कि यह हो रहा है। फिर मैंने सोचा, “ठीक है, मैं जीना चाहता हूँ।” और फिर एक पल से भी कम समय में, जैसे ही उन्होंने कहा कि तुमको वापस जाना होगा, मैंने सोचा मैं जीना चाहता हूँ, और बस, मैं लौट आया।
और जितना मुझे याद है, पहली बार मुझे दर्द महसूस हुआ। और मैं हवा के लिए हाँफ रहा था। और मैं साँस लेने की कोशिश कर रहा था, और मुझमें प्रतिक्रिया आ रही थी। उससे पहले के 20 मिनट तक मुझमें कोई प्रतिक्रिया नहीं थी, और मुझे बस इतना याद है कि मैं कह रहा था, “मुझे ऑक्सीजन चाहिए।” मैं बोलने लगा। मैं बिल्कुल बोल नहीं रहा था। और मैं हिल रहा था, तड़प रहा था, और मैंने साँस लेने के लिए संघर्ष करना शुरू कर दिया। एपिनेफ्रिन के असर से मैं इतना काँप रहा था कि वे मेरे पैर दबाकर पकड़े हुए थे। जब मैं पहली बार लौटा, तो वह लगभग थोड़ा उग्र-सा अनुभव था। बस शोर, रोशनी और असहनीय दर्द था, और भावनाएँ लौट आई थीं तथा पाँचों इंद्रियाँ वापस आ गई थीं। मैं अपने शरीर में लौट आया था, और सचेत रूप से फिर इस लोक में था, और हवा के लिए और साँस लेने के लिए संघर्ष कर रहा था।
आख़िरकार क्रिस की हालत स्थिर हो गई। सूजन कम हो गई, चकत्ते गायब हो गए, और उनकी साँस सामान्य हो गई। उन्हें लगभग आठ घंटे और निगरानी में रखा गया, हालाँकि उन्हें समय का कोई अंदाज़ा नहीं था और उन्हें लगा कि वे वहाँ केवल 40 मिनट रहे थे। नर्सों ने कहा, “एक से दस के पैमाने पर, आप साढ़े नौ पर थे। हमें लगा था कि आप जा चुके हैं। हमें नहीं लगा था कि हम आपको बचा पाएँगे। और जिस व्यक्ति को हम यहाँ लेकर आए थे, उससे आपका रूप पूरी तरह अलग हो गया था। आप पहचान में नहीं आ रहे थे।” वे कह रहे थे, “हमे इसका कोई स्पष्ट कारण दिखाई नहीं देता।”
इसके बाद के शुरुआती कुछ दिन बेहद पीड़ादायक थे। क्रिस ने दो या तीन दिन बिस्तर पर बिताए, जहाँ साँस लेना भी दर्द देता था। उन्हें यह भी नहीं पता था कि मृत्यु-समीप अनुभव क्या होता है, और उन्होंने इस अनुभव के बारे में ज़्यादा बात नहीं की। जब दर्द कम हुआ, तब क्रिस ने अपने साथ हुई घटना को समझना शुरू किया।
करीब छह महीने तक, मुझे हर दिन सबसे बड़ी बात यही याद है कि मैं जागता था और मुझे समझ नहीं आता था कि मैं कौन हूँ। दिन-प्रतिदिन की बातें होती थीं, या भावनाएँ और विचार आते थे, और मैं उन्हें पहचान नहीं पाता था। मुझे याद है कि मेरी आँखें फिर से समायोजित हो रही थीं। मैंने अधिक शाकाहार और स्वच्छ आहार लेना शुरू किया। मैं कम सोता था। मैं बचपन से ही काफ़ी सहज-बोध वाला रहा हूँ। वह बस सहज-बोध ही था; मैं उससे अधिक कुछ नहीं था, लेकिन उस अनुभव के बाद मेरी अंतर्ज्ञान शक्ति और भी प्रबल हो गई। और उसके बाद के वर्षों में, और इस पर काम करते हुए, मुझमें काफ़ी मानसिक संवेदनशीलता और माध्यम-संबंधी क्षमताएँ आ गईं। जो लोग फिर मुझे देखने लगे, जब मैं वापस गया, वे कहने लगे, “हाँ, क्रिस बदल गया है।” जो वापस आया, वह एक अलग व्यक्ति था। मेरे मूल्य, विचार और अपने बारे में मेरी धारणा बदल गई। और मैंने प्रेरणा, दृढ़ता या महत्वाकांक्षा नहीं छोड़ी है। मुझे लगता है कि मैं पहले से भी अधिक महत्वाकांक्षी हूँ। मुझे मृत्यु से डर नहीं लगता। मुझे असफलता से डर नहीं लगता। मैं किसी भी चीज़ से बँधा हुआ नहीं हूँ।
बाद में, क्रिस को एक दूसरी महिला के बारे में पता चला, जिसे ऐसी ही एलर्जी प्रतिक्रिया हुई थी, वह कोमा में चली गई और कभी पूरी तरह ठीक नहीं हो सकी। तो, ऐसी स्थिति से निकलना जिसमें मुझे मर जाना चाहिए था— और अगर मैं नहीं भी मरता, तो मस्तिष्क तक ऑक्सीजन की कमी के कारण मुझे गंभीर मानसिक विकलांगता होनी चाहिए थी—लेकिन ऐसा नहीं हुआ। मैं चलकर बाहर आया। यह बात मुझे हमेशा स्थिर बनाए रखती है। यह कभी-कभी थोड़ा डरावना भी लगता है, क्योंकि इससे पता चलता है कि जीवन कितना नाज़ुक है और जब आप बिस्तर पर पड़े मर रहे होते हैं, तब जीवन एकदम स्पष्ट हो जाता है, कि क्या महत्वपूर्ण है और क्या नहीं। बहुत कम चीज़ें मायने रखती हैं। इसने मेरे बहुत-से संबंधों और जीवन जीने के मेरे निर्णयों को गहराई से प्रभावित किया है।
साढ़े छह वर्षों तक क्रिस ने अपने मृत्यु-समीप अनुभव के बारे में सार्वजनिक रूप से कभी बात नहीं की। अधिकांश लोग केवल इतना जानते थे कि उन्हें गंभीर एलर्जी प्रतिक्रिया हुई थी। जिस चीज़ ने मुझे वह अतिरिक्त प्रेरणा दी, वह यह है कि मैं ऐसे लोगों से मिला हूँ जिन्हें ऐसे अनुभव हुए हैं, और ऐसे भी लोग हैं जिन्हें ये कहानियाँ और दूसरों के अनुभव सुनकर सचमुच मदद मिली है। और चूँकि मुझे दूसरा अवसर दिया गया, मुझे लगता है कि मेरा कुछ लौटाना उचित है, और अगर एक-दो लोग भी यह सुनकर किसी तरह मदद पाते हैं, तो वही बहुत है। मेरे लिए यह सार्थक है।
अपने अनुभव के बाद मृत्यु और जीवन को लेकर क्रिस का दृष्टिकोण पूरी तरह बदल गया। अपने अनुभव के बाद, मैं मृत्यु को एक बहुत स्वाभाविक घटना के रूप में देखता हूँ, ऐसी घटना जिसके डरने की ज़रूरत नहीं है। वह ठीक था। और अब से मैं यथासंभव अपना जीवन कृतज्ञता के साथ जीता हूँ और हर चीज़ को एक आशीर्वाद के रूप में देखता हूँ। एक कहावत की तरह, मैं हमेशा कहता हूँ, “सुनिए, दुर्भाग्य से, अच्छी लोगों के साथ भी बुरी बातें होती हैं।” मैंने जो समझा है, और जो मैं मानता हूँ, वह यह है कि इस दुनिया में हमारे परे एक ऐसी चेतना और ऊर्जा है जिसे हम न देख पाते हैं, न सुन पाते हैं; कभी-कभी उनकी झलक मिलती है, और उनके पीछे कोई बड़ी योजना या बड़े कारण होते हैं। इस दुनिया में हमेशा दर्द और पीड़ा रहेगी, और यह होती रहेगी। यह जीवन का हिस्सा है। और जितना भी यह दुर्भाग्यपूर्ण, पीड़ादायक और दुखद हो, मुझे लगता है कि हमें इसे अलग नज़रिए से देखना चाहिए और कहना चाहिए कि इसके पीछे कुछ है, जिसे मैं इस समय नहीं जानता।
अपने व्यक्तिगत परिवर्तन से आगे बढ़कर, क्रिस अब समाज में ऐसे व्यापक मुद्दे भी देखते हैं जिन्हें उपचार की ज़रूरत है— असमानता से लेकर आपसी दूरी तक और आध्यात्मिकता के संकट तक। अगर हम केवल स्थानीय स्तर पर दयालुता और सार्वभौमिक प्रेम की भावना पर ध्यान दें, तो वास्तव में हमें बस उसी की ज़रूरत है। मुझे पता है, यह बहुत आदर्शवादी, हवा-हवाई-सी बात लगती है। लेकिन अगर हम इसे इतना सरल बना सकें कि कोई बस यह कहे, आज मैं दयालु रहूँगा। शायद मैं हॉर्न न बजाऊँ, शायद किसी को अपने आगे जाने दूँ, शायद बोलने से पहले ठहरूँ, या आखिर बात तो यही है कि हम एक-दूसरे के साथ कैसा व्यवहार करते हैं। मुझे बिल्कुल नहीं लगता कि अगर आप दुनिया में कहीं भी सफलता की तलाश कर रहे हैं—चाहे आप किसी शहर में हों, कॉलेज के छात्र हों, व्यवसायिक पेशेवर हों, या घर पर रहने वाले अभिभावक— तो इससे आपको दयालु और प्रेमपूर्ण होने से कैसे रोका जा सकता है? आप ऐसी स्थिति में क्यों नहीं हो सकते जहाँ आप दूसरों की मदद कर सकें?
पश्चिम में आज हमारी जितनी भी समस्याएँ हैं, उनमें से बहुत-सी आध्यात्मिकता के संकट और आत्म-बोध के संकट से आती हैं, जिसे हमने पीछे छोड़ दिया है। हम समुदाय को भूल गए। यह स्कूलों में नहीं सिखाया जाता। हम स्वास्थ्य को भूल गए। यह नहीं सिखाया जाता कि सही भोजन क्या है या स्वच्छ पानी और स्वच्छ हवा का महत्व क्या है। मैं सचमुच स्वास्थ्य, जीवनशैली और संतुलन के लिए एक वास्तविक समग्र कल्याण दृष्टिकोण देखना चाहूँगा, और मेरा मानना है कि वहीं से हम वास्तव में सब कुछ जोड़ सकते हैं। (Anthony Chene production)